नमस्ते इंडिया न्यूज
अजय तावरे
पांढुर्णा
पांढुर्णा जिले के बहुप्रतीक्षित जिला कलेक्टर कार्यालय भवन का निर्माण कार्य कल शनिवार, 18 अप्रैल से औपचारिक रूप से शुरू हो गया है। पुलिस थाना परिसर में जैसे ही जेसीबी मशीनों ने नींव खुदाई का काम प्रारंभ किया, प्रशासनिक और नागरिक हलकों में उत्साह देखा गया। हालांकि, खुदाई के दौरान जमीन के भीतर ’काली मिट्टी’ निकलने से अब निर्माण की मजबूती को लेकर तकनीकी चर्चाएं भी तेज हो गई हैं।
जनभावनाओं का सम्मान, विवादों के बाद थाना परिसर का चयन
कलेक्टर कार्यालय की लोकेशन को लेकर पिछले 6 महीनों से जिले में काफी ऊहापोह की स्थिति बनी हुई थी। पूर्व में अमरावती रोड पर प्रस्तावित स्थान का जिले भर में कड़ा विरोध हो रहा था। जनता की मांग और सुविधा को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर नीरज कुमार वशिष्ठ ने संवेदनशीलता दिखाई और गहन चिंतन-मनन के बाद कार्यालय को पुलिस थाना परिसर में ही बनाने का निर्णय लिया। इस जनहितैषी फैसले का स्थानीय सामाजिक संगठनों ने स्वागत करते हुए प्रशासन का आभार व्यक्त किया है।

काली मिट्टी और निर्माण की चुनौती
नींव की खुदाई के दौरान यह बात सामने आई है कि थाना परिसर की जमीन के नीचे काली मिट्टी की परत काफी मोटी है। निर्माण क्षेत्र के विशेषज्ञों का मानना है कि काली मिट्टी वाले क्षेत्रों में निर्माण काफी जोखिम भरा होता है।
पुरानी गलती से सबक
थाना परिसर में पिछले 20-25 वर्षों में बने कई भवनों की नींव कम गहरी रखी गई थी, जिसके परिणामस्वरूप महज 2-3 वर्षों में ही दीवारों में बड़ी दरारें आ गईं। आज भी पुराने भवनों की जर्जर स्थिति कम गहरी नींव की गवाही दे रही है।







